स्कूल बंदी से रसोइयों की रोटी पर संकट – विधायक को सौंपा गया ज्ञापन, मध्यान्ह भोजन संघ की उग्र आंदोलन की चेतावनी

जांजगीर-चांपा – अकलतरा – युक्तियुक्तिकरण के नाम पर स्कूलों को बंद करने की सरकारी नीति के खिलाफ मध्यान भोजन रसोईया संघ जिला शाखा जांजगीर-चांपा ने मोर्चा खोल दिया है। संघ के प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्रीय अकल विधायक राघवेंद्र सिंह को ज्ञापन सौंपकर युक्तिकरण प्रक्रिया को तत्काल रोकने की मांग की है।
विधायक राघवेंद्र सिंह ने इस मुद्दे पर चिंता जताते हुए कहा कि, “सरकार की यह योजना मध्यान भोजन से जुड़े स्वयं सहायता समूहों की रोज़ी-रोटी पर संकट ला रही है।” उन्होंने रसोइयों को भरोसा दिलाया कि वे इस मुद्दे को विधानसभा तक ले जाएंगे।
इस दौरान संघ की जिला अध्यक्ष संतोषी कौशिक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि, “यदि सरकार ने हमारी आजीविका से खिलवाड़ किया तो मध्यान भोजन रसोइया संघ सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करने को बाध्य होगा।” सहयोगी रसोइयों ने भी एक सुर में चेतावनी दी कि शालाओं के डाइस कोड समाप्त कर स्कूल बंद करना गरीब तबके के बच्चों और रसोइयों – दोनों के हित में कुठाराघात है।
मध्यान भोजन रसोइया संघ ने दो टूक कहा है कि यदि जल्द निर्णय वापस नहीं लिया गया, तो हर विकासखंड में आंदोलन की चिंगारी जलाई जाएगी।



