जांजगीर-चांपा जिले में वीएसके (VSK) एप के माध्यम से शिक्षकों की उपस्थिति दर्ज कराने के विरोध में जिले के सभी शिक्षक संगठनों ने एकजुट होकर शिक्षक संगठनों का साझा मंच बनाया। इस साझा मंच के बैनर तले कर्मचारी भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में सर्वसम्मति से उपस्थित सभी शिक्षक संगठनों के जिलाध्यक्षों ने वीएसके एप से उपस्थिति व्यवस्था का विरोध प्रकट किया। वक्ताओं ने कहा कि यह व्यवस्था शिक्षकों की निजता का हनन करती है तथा वर्तमान समय में साइबर फ्रॉड और डाटा दुरुपयोग की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं, जो गंभीर चिंता का विषय है।
बैठक को संबोधित करते हुए राज्य कर्मचारी संघ के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अरुण तिवारी ने कहा कि डिजिटल व्यवस्था के नाम पर कर्मचारियों की व्यक्तिगत जानकारी को जोखिम में डालना स्वीकार्य नहीं है।
राज्य कर्मचारी संगठन के जिलाध्यक्ष अनुभव तिवारी ने कहा कि शिक्षक पहले से ही अनेक शैक्षणिक और गैर-शैक्षणिक कार्यों से दबाव में हैं, ऐसे में इस प्रकार की व्यवस्था असंतोष को बढ़ाएगी।कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के जिला संयोजक विश्वनाथ परिहार तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के अर्जुन सिंह क्षत्रीय
समग्र शिक्षक संगठन के जिलाध्यक्ष हरीश गोपाल, शालेय शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष संतोष शुक्ला एवं संयुक्त शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष विकास सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि यदि शिक्षकों की मांगों पर शीघ्र विचार नहीं किया गया, तो आंदोलनात्मक कदम उठाए जाएंगे।
बैठक में राकेश तिवारी, दिनेश तिवारी (सचिव, समग्र शिक्षा फेडरेशन) भूवनेश्वर देवांगन शिक्षक संघ सहित विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारी एवं सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
अंत में साझा मंच द्वारा यह स्पष्ट किया गया कि वीएसके एप से उपस्थिति व्यवस्था को तत्काल वापस लिया जाए और शिक्षकों की निजता व सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाए।



