छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी महासंघ का उग्र आंदोलन की चेतावनी

छत्तीसगढ़ बिजली कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर आज पूरे प्रदेश में जिला कलेक्टरों के माध्यम से केंद्रीय ऊर्जा मंत्री एवं माननीय मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
साथ ही सभी क्षेत्रीय मुख्यालयों में आमसभा व विरोध-प्रदर्शन आयोजित कर पावर कंपनी अध्यक्ष के नाम रायगढ़ क्षेत्र के मुख्य अभियंता को ज्ञापन दिया गया।
कर्मचारियों की प्रमुख ज्वलंत मांगे:
राज्य सरकार की तर्ज पर पावर कंपनी में भी पुरानी पेंशन योजना बहाल की जाए।
संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण किया जाए।
सभी तकनीकी कर्मचारियों को 3% तकनीकी भत्ता दिया जाए।
शेष बचे आईटीआई कर्मचारियों को टी.ए.ई./टी.डी.ई. बनाया जाए।
कर्मचारियों की नियमित भर्ती की जाए।
सभी कैडरों के लंबित पदोन्नति आदेश शीघ्र जारी किए जाएं।
महासंघ ने चेतावनी दी है कि –
सितंबर माह में पूरे प्रदेश में जनजागरण अभियान चलाकर कर्मचारियों को संगठित किया जाएगा।
9 अक्टूबर को रायपुर में विशाल रैली निकालकर पावर कंपनी मुख्यालय का घेराव किया जाएगा।
यदि मांगे पूरी नहीं हुई तो महासंघ काम बंद आंदोलन तक जाएगा।
आमसभा को भारतीय मजदूर संघ के पूर्व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आदरणीय एल.पी. कटकवार जी ने संबोधित करते हुए कहा:
“अब संगठन कंपनी प्रशासन के झूठे वादों पर विश्वास नहीं करेगा। जब तक मांगे पूरी नहीं होती, आंदोलन जारी रहेगा।”
कार्यक्रम का संचालन बिजली कर्मचारी रायगढ़ क्षेत्र के महामंत्री प्रमोद कुर्रे ने किया। इस अवसर पर पूरे रीजन से बड़ी संख्या में कर्मचारी, पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे



