
लोरमी-सिद्ध बाबा मंदिर बिचारपुर के तीसवे नवधा रामायण मे शामिल होते लोरमी के विधायक व उपमुख्यमंत्री श्री अरूण साव ने श्रीराम कथा को मानव जीवन संहिता की संज्ञा देते हुए एक आदर्श पिता पत्नि पुत्र गुरू शिष्य बनने की पाठशाला बतलाया।उन्होने चौबीस महीने मे उनके द्वारा किए गए विकास कार्यो की गाथा गायन व इतिहास लेखन को भगवान श्रीराम की कृपा व जनता जनार्दन का अपार स्नेह का प्रतिफल निरूपित किया।इस अवसर उपमुख्यमंत्री अरूण साव के सहपाठी शिक्षाविद साहित्यकार कथावाचक एवम राज्यपाल सम्मान से सम्मानित डॉक्टर सत्यनारायण तिवारी हिमान्शु महाराज ने

श्रीरामचरित मानस को संशय से समाधान की यात्रा बतलाया।उन्होने भगवान शिव और सती के चरित्र पर व्यापक प्रकाश डालते हुए कथा श्रवण की विधि एव उसके फल को सोदाहरण प्रस्तुत किया।डाक्टर तिवारी छत्तीसगढ को भगवान श्रीराम का ननिहाल व लीलास्थली बतलाते हुए बस्तर को प्राचीन दण्डकारणय बतलाया। श्रीराम कथा को व्यक्ति को परिवार से,परिवार को समाज से,और समाज को राष्ट्र से जोड़ने वाली ईकाई निरूपित किया। संचालन कमल सिंह राजपूत ने किया।समिति के कार्यकारी अध्यक्ष बिहारी राजपूत ने पूर्व मे उपमुख्यमंत्री द्वारा मानस मंच हेतु प्रदान किए गए छह लाख रूपए की अनुदान राशि हेतु साव जी का शाल श्रीफल व सुन्दरकाणड भेटकर तथा डॉक्टर सत्यनारायण तिवारी नगरपालिका अध्यक्ष सुजीत वर्मा जनपद अध्यक्ष श्रीमती वर्षा सिह धनीराम यादव दिनेश कश्यप महेन्द्र खत्री संतोष साहू सैनिक विनोद राजपूत श्री मिश्रा जी सहित मंचस्थ अतिथियो का श्रीफल व सुन्दरकाणड की प्रति तथा माल्यार्पण के द्वारा स्वागत किया गया।



