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जिस शासकीय विद्यालय से शिक्षा पाई, उसी को आदर्श विद्यालय बनाने की पहल

*जिस शासकीय विद्यालय से शिक्षा पाई, उसी को आदर्श विद्यालय बनाने की पहल*

*केन्द्रीय राज्यमंत्री श्री तोखन साहू के प्रयास से कंतेली प्राथमिक शाला के लिए ₹4 करोड़ 54 लाख की स्वीकृति*

बिलासपुर –शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता और जड़ों से जुड़े नेतृत्व का एक प्रेरणादायक उदाहरण सामने आया है। केन्द्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री सह बिलासपुर सांसद श्री तोखन साहू की विशेष पहल और निरंतर प्रयासों से मुंगेली जिले के विकासखंड लोरमी स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय, कंतेली के समग्र विकास हेतु ₹4 करोड़ 54 लाख 15 हजार की राशि स्वीकृत की गई है। उल्लेखनीय है कि यही वह सरकारी विद्यालय है, जहाँ से श्री साहू ने स्वयं अपनी प्रारंभिक शिक्षा प्राप्त की थी।

यह स्वीकृति कोल इंडिया लिमिटेड की सहायक कंपनी साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) द्वारा अपने कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) के अंतर्गत प्रदान की गई है। परियोजना का उद्देश्य विद्यालय को एक आदर्श (मॉडल) स्कूल के रूप में विकसित करना है, जिससे ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को आधुनिक, सुरक्षित एवं समावेशी शिक्षा का वातावरण उपलब्ध हो सके।

स्वीकृत परियोजना के तहत विद्यालय में आधुनिक एवं आवश्यक आधारभूत संरचनाओं का निर्माण, छात्र-अनुकूल कक्षाओं का विकास, समावेशी शिक्षण सुविधाओं की व्यवस्था तथा आवश्यक शैक्षणिक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। एसईसीएल बोर्ड की सीएसआर समिति के निर्देशानुसार, समस्त कार्यों का क्रियान्वयन एसईसीएल के सिविल विभाग द्वारा किया जाएगा।

यह पहल केवल एक विकास परियोजना नहीं, बल्कि संवेदनशीलता, कृतज्ञता और सामाजिक दायित्व का जीवंत उदाहरण है। जिस विद्यालय ने श्री तोखन साहू के जीवन को दिशा दी, उसी विद्यालय को नई पहचान दिलाने का उनका संकल्प आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेगा। यह निर्णय क्षेत्र के विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की नींव रखेगा और समाज को यह सशक्त संदेश देगा कि शिक्षा में निवेश ही सच्चे अर्थों में राष्ट्र निर्माण का आधार है।

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