Breaking
टाउन प्लानिंग का शिकंजा, बिलासपुर में अनंत रियल्टी की विकास अनुज्ञा निरस्तCG News:- तथाकथित गौ रक्षक  की पोस्ट के बाद भड़की नाराजगी, विरोध में वायरल हुआ पोस्टर, किसान से मारपीट मामले में गिरफ्तारी के बाद धर्म और गौ रक्षा के नाम पर कथित वसूली के आरोपों से मचा हड़कंपरघुनाथ राठौर को राज्य शिक्षक पुरस्कार 2026 से सम्मानशिक्षक राष्ट्र के निर्माता, अपने कार्य से बनाएं पहचान : सुनील शर्मानिराला नगर में शिक्षिकाओं का भव्य सम्मान, स्वर्णा महिला विंग ने पेश की मिसालश्री कृष्ण जन्माष्टमी प्रतियोगिता में नन्हे प्रतिभागियों ने बिखेरा प्रतिभा का रंग शांति, सद्भाव और भाईचारे के लिए एकजुट हुआ बिलासपुररतनपुर की बेटियों ने बढ़ाया मान,  SAI की कुश्ती चयन प्रक्रिया में सुभद्रा और अस्मिता का चयनअग्निवीर भर्ती रैली के लिए प्रवेश पत्र जारी 12 जनवरी से बिलासपुर में होगी भर्ती रैली12 सितंबर की राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों की मुख्य न्यायाधीश ने की समीक्षा

छत्तीसगढ़जांजगीर

भाजपा नेता प्रशांत सिंह ठाकुर ने फैसले का किया स्वागत, कहा— नई पीढ़ी को डॉ. मुखर्जी के बलिदान से परिचित कराने की दिशा में ऐतिहासिक कदम

*मुख्यालय के नगरीय निकायों में स्थापित होगी श्यामाप्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा*

*छग सरकार के निर्णय का आमजन ने किया अभिनंदन, विभागीय मंत्री अरुण साव के प्रति जताया आभार*
*भाजपा नेता प्रशांत सिंह ठाकुर ने बताया सुशासन सरकार का ऐतिहासिक निर्णय*

जांजगीर. छग सरकार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए प्रदेश के संभागीय एवं जिला मुख्यालय वाले नगरीय निकायों में डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा स्थापित करने की घोषणा की है.
नगरीय प्रशासन विभाग ने उप मुख्यमंत्री अरुण साव की घोषणा के अनुपालन में 10.60 करोड़ की स्वीकृति भी दे दी है.
ज्ञात हो कि 6 जुलाई को डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती है. देश की एकता और अखंडता के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले डॉ मुखर्जी के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने छग छग सरकार ने यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है.
सरकार के इस निर्णय का स्वागत करते हुए भाजपा नेता प्रशांत सिंह ठाकुर ने इसे ऐतिहासिक बताया है. उन्होंने कहा कि नयी पीढ़ी को डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान के विषय में बताने कि जरूरत हैं. आज जो जम्मू- कश्मीर देख रहे हैँ, वहां जाने के लिए कभी परमिट प्रथा थीं, जिसके विरोध में डॉ मुखर्जी ने आंदोलन का नेतृत्व किया, एवं इसी दौरान हिरासत में उनक़ा निधन हो गया. “एक देश में दो निशान, दो विधान, दो प्रधान नहीं चलेगा ” का प्रखर उद्घोष करने वाले डॉ मुखर्जी के बलिदान को युगों-युगों तक याद किया जायेगा. उनकी स्मृतियों को चीर स्थायी बनाये रखने छग सरकार का यह महत्वपूर्ण निर्णय है.
उन्होंने इस निर्णय के लिए प्रदेश के मुखिया विष्णुदेव साय, विभागीय मंत्री और उपमुख्यमंत्री अरुण साव जी के प्रति आभार जताया है.

CG Bulletin

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *